द्रोहभाव

द्रोहभाव
द्रोहभाव /droha-bhāva/ m. неприязнь, враждебность




Случайная выборка слов

प्रतिथि, सर्वकाल°, जानुका, परिक्सीण, मादनीय, संनिधि, ग्लाविन्, दिङ्मण्डल, उलूखलमुसल, उपगा, नीलीवर्ण, माहिषिक, तिलक, वृजन, पुष्टि, °जानि, महासेन, नवविंशति, विकसित, हृद्, श्रीखण्डचर्चा, प्रपणिन्, विवादिन्, पारिणामिक, लोट्, उपसर्, सप्तच्छद, प्रणेजन, वासन्तिक, नवजा, स्नानोत्तीर्ण, संवरण, तौषार, भिन्नार्थ, ज्ञातिमन्त्, किंकरा, अपत्रस्, परिश्रान्त, वेणुविदल, वर्तर्, दुःखार्त, रोप, तिर्यग्जन, शरासन, विव्यथित, घु, युष्मावन्त्, दयावन्त्, लहरि, मित्रवन्त्, अपमार्जन, वीष्, शातन, अवसर्ज्, संस्थापय्, छिद्र, श्रुति, शाखामय, मूलिक, भविष्यत्काल, नितिशतक, रा, युवन्यु, गर्भवती, विविद्, अक्त, परीवर्त, रथयुद्ध, प्रमी, निष्क्रय, क्रियायोग, समभूमि, रुशन्त्, स्पर्श, अवन्ध्य, आयोग, संस्थित, विशेषमण्डन, प्रबुध्, अतिबल, कूर्दन, अम्बु, मुषित, जायात्व, मन्युमन्त्, जल्पि, सलिल, सौमित्र, गृध्नुता, औरस, संदृब्ध, त्रिषत्य, वसु, वंशमय, पुष्पिन्, लाट, आगमन, अत्हा, दुःख-कर, नियाम, हस्तिदन्तक, ठकार, घुण्, षड्विंशब्रह्मण, प्रसञ्ज्, बभ्रु, दिगम्बरी, बल्लव, प्रेरक, बृहद्देवला, वाग्बन्धन, सोत्सेध, हिरण्यकशिपु, आवी, भरित, पथिष्ठा, अक्षम, सरक, औदक, विश्, सिद्धाञ्जन, बलदावन्, नेत्रपिण्ड, अफल, समुपस्था, स्वर्, , सेवन, लोकविश्रुत, शकृत्, आपद्, ब्रह्मयोग, सदृश्, भद्रमुख, निम्रुच्, शिरोज, सचाभू, मृत्पिण्ड, पुष्पवेणी, बृहस्पति, पाद्य, कीचक, लुल्, °शङ्किन्, श्रोतर्, प्रतिपन्न, प्रार्पण, क्षल्, नृपगृह, उपप्रहि, शिरस्, सरोजनेत्र, बैडाल, अतिचिरम्, महाकपि, तदा, मज्जस्, क्रम्, विषवत्, पुराकल्प, ह्वार, एधोदक, नाडीचरण, वास्त्व, सह्, वज्र, नामचौर, साधिष्ठ, दूरगत, समाज, ताम्र, स्कुम्भ्, प्रचक्ष्, श्रुतसेन, गरीयस्त्व, धर्मपथी, सर्प, मूर्छ्, मुद्, वावचन, प्रातिशाख्य, पृथ्वीधर, समावर्त्, छेक, तार्किक, काम्यक, संप्रस्वप्, उशीनर, विघट्ट्, दुःस्थिति, परिसमाप्, द्रविणाधिपति, चित्रवर्ति, स्राम, रूक्षभाव, प्रतमाम्, करपल्लव, दूथ्, निशीथ, पुत्राचार्य, अतिवात, यजिष्णु, विभाव्य, वार्द्धुषिक, विकल्पय्, हुताशनमय, निखर्व




    Яндекс.Метрика
    словарь санскрита 2009-2012 ©LingvoKit