भर्तृप्रिय

भर्तृप्रिय
भर्तृप्रिय /bhartṛ-priya/ преданный своему господину




Случайная выборка слов

हल्लीश, कुसूल, , शिरोमणि, पारमेश्वर, प्रवर्धक, तद्युत, उदज्, नवषष्टि, पटीक्षेप, नृत्, प्रभा, पराश्रय, सरिन्, श्रावितर्, भगदेवत, प्रकथ्, लवणिमन्, स्पश्, गन्धाध्य, रसातल, शैथ्य, विलोचन, तृप्र, परिमोहिन्, शुशुक्वन, नभस्, पियारु, वारिवाह, नवजा, सव्रीड, आभरण, विवृत्ति, प्रभासन, मूढता, महारण, परिपठ्, कण्ठभूषण, श्वेतपक्ष, कीट, पशु, संमन्, विमन्यु, तडित्वन्त्, कुलान्तकरण, डात्कृति, जलवासिन्, भूसुर, प्रयोगिन्, अम्बु, मन्दविचेष्टित, एकान्ततस्, बहिर्धा, क्षैप्र, आस्, अभिघर्, दिविक्षय, नित्यशय, मुण्डक, शशय, अविघ्न, अविश्रम, शठबुद्धि, परिस्तर्, परहित, अष्टाविंश, मर्षिन्, मृदू भू, प्रस्तर्, निह्राद, परीक्षिन्, साधनक्षम, प्रतिशर, घृत, पस्त्य, काव्यशास्त्र, सिरा, सिंहशाव, तर्ष्यावन्त्, स्कन्धवन्त्, अग्रयायिन्, सप्तदशन्, °सज्जन, शीघ्रपातिन्, देवतागार, सुकृत्, संरभ्, भट्टारक, शतकृत्वस्, अप्रामाण्य, अधःशय, पाशुपत, समुचित, नाली, घ्रंस, उपकारक, प्रधानतस्, ससचिव, बुध, तामरस, सविनय, विभूषा, विनीत, अभिमान, प्राश्, मान्द्य, भगिन्, दारुज, ज्योतिःशास्त्र, चैलधाव, अश्वानीक, दिगम्बरी, संचारिन्, सत्यदर्शिन्, पक्षगम, अनीक, अमरराज, विधिवश, प्रासह, पकार, भास्, विक्रोष्टर्, ह्रद्य, सौभ्रात्र, अतिवृद्ध, दक्षिणायन, अभिविनी, रूक्षभाव, संदिह्, दाक्षिणात्य, ध्यानवन्त्, सरण्यु, क्रविस्, विवास, शान्त, सरघा, परी, अपरान्त, असह्य, ऋजीति, मृगव्याध, प्रव्यक्ति, असाधुवृत्त, वामशील, यक्ष्मन्, सहस्रार्चिस्, प्रमुद्, स्वीय, कलाप, दन्, उपकण्ठ, द्रोहभाव, स्वाप, असांप्रत, विभूवस्, ऋइजीष, ज्वाल, उत्सृप्त, पत्ति, मनःशिला, धारणक्रिया, आत्मप्रशंसा, नीच, विदुष्टर, गातु, प्रलवन, ब्रह्मज्ञान, व्यान, राजहंस, समना, उपज्ञा, महाप्रमाण, भीतिमन्त्, अपहति, आपत्ति, सीस, शृङ्गवेर, ओम्, वसव्य, वल्लभजन, निर्दन्त, बम्भराली, प्रोत्तर्, बदर, अनिर्णीत, आह्निक, परिजल्प्, जिष्णु, भेषज, आह्वान, अपनी, वृषमन्यु, करुणध्वनि, अभिधानचिन्तामणिनाममाला, तूपर, जलनिधि, प्रकृष्ट, रश्मिमन्त्, अवचन, पुरावृत्त, वनोपेत, एकचक्र, श्मग्रु, प्रवन्त्, वैदिक, अपेक्ष्, हैरण्य




    Яндекс.Метрика
    словарь санскрита 2009-2012 ©LingvoKit


мастер на час минск, литовский словарь