उत्तेजय्

उत्तेजय्
उत्तेजय् /uttejay/ caus.
1) подстрекать
2) волновать, возбуждать




Случайная выборка слов

घटी, निःसू, पारार्थ्य, महागुरु, श्रम्भ्, नकिस्, ताम्रिक, अवनम्, धरापुत्र, सहन्तम, अञ्जलि, दशमी, प्रतिक्रम, दन्तुर, हिरण, विद्वेषिन्, कूलवती, आत्मापहार, परिक्रम, अध्यक्ष, सर्वार्थ, वहतु, मृदुगिर्, अवस्, अरेपस्, वक्षोज, हलगोलक, शीतार्त, अकृतसत्कार, विरल, सप्तवध्रि, एव, क्षेत्रिन्, साष्टाङ्ग, परिशुष्, अधिप, रुक्मवक्षस्, महेष्वास, वास्त्व, बन्धुत्व, सुसमाहित, खिल, परिलुभ्, तथावीर्य, दीर्घदर्शिता, संरक्त, नाडि, विनष्टि, शुक्ली कर्, परिशीलन, समुपार्जन, सूतु, विपच्, भयावह, नासिकाग्र, सहस्रणीथ, मोहमय, याशु, प्रणति, नस्या, स्वग्नि, नीरव, बलाधिक, नक्षत्रनाथ, नैमिषारण्य, स्थली, स्वधीत, ईहावृक, बौद्ध, दासवर्ग, नाभा-नेदिष्ठ, डिण्डिमा, त्रि-कर्मन्, युष्माक, उदन्यु, विष्कम्भक, अधिकार, तोकवती, ऊढा, अनुक्षणम्, महामेघ, पण्डित, अनुप्रवेश, शिक्ष्, उच्छ्रि, निवप्, परित्यज्, कुलान्तकरण, शिथिर, मह्, संतति, अनृक्षर, सोत्सेक, प्रतारक, आञ्छ्, स्तभ्, पाञ्चाल, देशक, अभीक्ष्णम्, हस्तदीप, वशग, बृहत्°, अध्यज्, भस्मावशेष, तारिणी, द्विवक्त्र, भूमीरुह्, द्विप, प्रबध्, ह्यस्तन, खड्गपाणि, लोलुभ, विमाथ, निशुम्भ, उद्यानमाला, परिगम्, तन्ति, मृदु, दन्तघाट, मरकतमय, क्षेत्रिय, आच्छन्न, अर्घ, आशिर्, महाश्माशान, रूषित, दण्डचक्र, क्रौञ्च, देशाटन, भक्ष्य, परुष्य, नैरन्तर्य, वित्ताप्ति, क्लेश, संस्मरण, भविक, विषज, वातुल, पटगत, धर्ष्, ईक्षा, क्षत्र, यक्षिन्, पाठ, गोस्तन, तत्सख, अन्वाप्, अनपेक्ष, सूना, खर्म, आविद्, मयि, विकच, विवस्, सौर्य, दिविस्पृशन्त्, व्रतस्थ, हलिन्, पञ्चकोण, विप्रवास, प्रकल्पय्, दृढधन्वन्, दिन, प्रियकर, विप्रयुक्त, जान, श्वेताश्वतर, यथा, अम्बुनिधि, उदन्य, भोगवन्त्, विप्रश्न, पुरोरुच्, दाडिमपुष्प, नर्तना, लतामण्डप, तोकिनी, सू, वीतभीति, तिग्मेषु, न्यायवृत्त, साहस्रक, पायु, वर्ष्मन्, आभा, पताका, कदर्थन, शम्भविष्ठ, धनहीन, परिहार, वाशित, अङ्गस्पर्श, ब्रह्माञ्जलि, प्रत्यागम्, झर्झरित, अग्रकर, , इन्द्राणी, स्नुस्, विरह्, सूर्यकान्त, वयम्, दंष्ट्रा, आपूर्णमण्डल, नियतव्रत, निर्दशन, वारिराशि
переводы с персидского языка, литовский словарь




    Яндекс.Метрика
    словарь санскрита 2009-2012 ©LingvoKit