उपस्तु

उपस्तु
उपस्तु /upastu/ (формы см. स्तु )
1) хвалить
2) славить
3) воспевать




Случайная выборка слов

संयमधन, मुक्तावली, पयस्वन्त्, कुह्, निधिगोप, देवेश, तुषारगिरि, संदर्भ्, अभ्युपपद्, भूमिलोक, हिरण्यगर्भ, आवन्, स्वरयोग, आयुष्काम, नरिष्टा, अजगर, अन्यत्र, काम, दूरत्व, नाटितक, प्रत्युष्, पूर्वमीमांसा, वैकुण्ठ, अलक्तक, सुस्निग्ध, वार्त्त, परासु, अविस्पष्ट, प्ररुद्, देवत्त, सानुक, अचोदित, संज्वर, दक्षता, शून्यी भू, क्ष्णु, अभिज्वल्, नेदिष्ठ, विशिष्, प्रादुष्करण, सकरुण, इत्थम्, मधुवत्, विषज, नाथवत्ता, परिवर्तनीय, निषक्त, परीसार, अनुवर्ध्, जवस्, विखाद, गान्धर्ववेद, भूधर, अपरिहत, तेजो°, न्यर्बुद, हृद्रोग, वैराग्य, व्यग्र, एकाङ्ग, उपबन्ध, प्रतिश्लोकम्, वीत्वा, अरमति, पोथ, प्रालम्बिका, खाण्डव, विरक्ति, वास्तव्य, प्रयत्, शुन्धन, प्रतिपादयितर्, हर्य्°, परिपठ्, हिरण्यशीर्षन्, शालिनी, त्वरा, प्रारोह, शत्रु, सूकर, अनुषक्त, सुश्रोणी, निस्वपय्, कर्पूर, , वलन, दिगम्बरी, धूम, क्षौम, ऋश्य, निबद्ध, प्रहा, गुदज, कलहप्रिय, दशास्य, मांसविक्रेतर्, साध्वसाधु, तपिष्ठ, स्मेर, स्थायित्व, सलक्ष्मन्, अभियोक्तर्, नभोगज, रिक्तहस्त, सरिर, प्लिहन्, देहवृत्ति, झंकार, हरिनामोपनिषद्, गर्, मिलित, धूमाय, अकव, भषक, बहुव्रीहि, वायस, अनाकर्णित, अद्मन्, षकार, वन्दन, अवेक्षण, सुत्, कल्पपादप, प्रजादान, संभार, गृहमेध, अधिकृत, पुरस्कर्तव्य, संवर, श्वन्, रजनीरमण, स्तिप्, विनिर्जि, विषादवन्त्, आस्वादन, भुक्तपूर्विन्, नरलोक, संयु, विप्रतोप, परिधानवस्त्र, °वद, अनास्वादित, महापङ्क्ति, उच्छ्राय, प्रार्थित, मधूलक, प्रज्ञापारमिता, कूलिनी, दम, दशगुण, तोयालय, सर्वजित्, आसदय्, निर्मोक, शिलोञ्छन, विद्वेष, वरुणालय, त्रप्, वृषली, कठिनता, निध्वान, प्रसत्ति, निमिष्, गोयान, अवाज्, नक्र, सार्ध, साढ, प्रतिश्रुति, कुचेल, चमूपति, वृषन्, गृभ, आसात्, सक्थन्, परिष्वजन, निर्गम, मातुल, निःस्पृह, मघदेय, बार्ह, भिन्नार्थ, क्रीड, वस्वी, रथेष्ठ, रभीयंस्, अद्, सुचेतस्, प्राग्जाति, नभस्तल, सलावृकी, अल्प, हिरण्यकेश, व्योमन्, कृष्णनयन, उरण, गुणवन्त्, काङ्क्षा, अर्य, प्रमुक्ति, बीजद्रव्य, संकुच्, छर्दिस्, गुध्, कलशी, चतुष्पाद्, दूरगत
переводы с персидского языка, литовский словарь




    Яндекс.Метрика
    словарь санскрита 2009-2012 ©LingvoKit