ल्+_कार

ल्+_कार
ल्+_कार /ḹ-kāra/ m. буква или звук «[drone1]ल्+_[/drone1]»




Случайная выборка слов

प्रक्रुश्, श्मश्रुल, षडर्च, धुर्, पारलोक्य, रुशद्°, पृष्ठानुग, श्लोक्, संपुटक, दर्शनविषय, प्रत्यवरोह, निर्झरण, कार्ष्णी, संगा, तीर, भूति, प्रत्याश्वास, रामायण, स्वमहिमन्, वसुजित्, पद्, अन्त्र, रजतपात्र, अभ्यवहर्, वत्सदन्त, वल्गु, कूटस्थ, °रुह, औदुम्बरी, यमसदन, प्रादेशिन्, नैराश्य, परिशुष्क, मांसाद्, वसुर, अम्बा, नवत्व, भट्ट, बाहुबल, निष्कुल, बस्त, प्रावेप, संविद्, भव, गोमय, नाम्य, संप्रतापन, दिव्, वैरस, त्रिविधा, सिंहद्वार, संप्रहार, द्रवमय, अभाग्य, द्विष्, तुविस्, भागार्थिन्, कमलाक्ष, मित्रकार्य, भृष्टिमन्त्, अलंकृति, मान्थर्य, शिट्, अपभ्रष्ट, वसुधेय, आपस्, संसृष्टि, पूर्वा, अभिभू, रुच्, शक, वक्षोरुह्, पुरुषाद, नगरजन, हरिदिश्, तमप्, टंकार, शशय, पञ्चिन्, उपमा, दोधत्, सोमदेव, सिम, भौवन, अपनी, विलम्बिन्, द्वित, आचार्यवन्त्, भद्रासन, तण्डुलकण्डन, °परिच्छद्, द्रुतविलम्बित, वात, पुष्पमय, राशि, मोहयितर्, टकार, प्रवाच्, खच्, संज्ञक, पापबुद्धि, गविष्, विधर्मिक, आपगा, संवत्, शैव, उत्तप्, चाटुकार, पैशुन, उन्मि, लेखन, , प्ररुह्, वाश्रा, सुदावन्, मिश्रक, महान्त, नैःस्व्य, मितभोजन, सत्कर्तर्, मोक्ष, सांयुग, वायव, लोकेश्वर, अभ्युपाया, रपस्, शतक, सर्वसह, समर्धुक, आविग्न, रक्तिमन्त्, ध्वृ, देष्ण, सविध, उत्प्लु, वारवधु, दुःस्पर्श, निर्माय, यवीयसी, पस्त्य, आग्नीध्र, महामनस्, दन्तप्रक्षालन, स्वमांस, हस्तिस्नान, आपान, पितृतस्, अप्सरा, दिवस, आसेव्, विवेक्तर्, इतरथा, संपरिश्रि, कीर्तेन्य, बाहुबलिन्, कार्यध्वंस, द्रावण, अपवा, अवान्तर, तारा, चापाधिरोपण, कर्शन, योषन्, वृत्तिमन्त्, देवीगृह, जीवसुत, तन्यु, ऐकाहिक, शीघ्रपायिन्, तर्क्, सिद्धभूमि, प्रवादिन्, आसिध्, अस्तृत, द्वैतवाद, आशास्य, आश्लिष्, भन्द्, जीवसू, षड्विंशत्, संप्रतीक्ष्य, नलकूबर, उद्वेग, नविष्टि, तर्प्, विभ्रंशिन्, पृथुवक्षस्, भल्ली, वनिक्पुत्र, विवर्ध्, °अक्ष, सुम्न, अचित्ति, भारवि, नप्तर्, पिष्टातक, आर्यविदग्धमिश्र, अच्छिन्न, द्वेधा, वर्षाहू, वातात्मज, विमान, ऊति, प्रवर, लाङ्गूल, अभ्याभू, धारावर्ष




    Яндекс.Метрика
    словарь санскрита 2009-2012 ©LingvoKit


мастер на час минск, литовский словарь